भारत की स्वतंत्रता की भावना को जन-जन तक पहुंचाने और राष्ट्रीय ध्वज के प्रति सम्मान एवं गौरव की भावना को मजबूत करने के उद्देश्य से केंद्र सरकार ने ‘हर घर तिरंगा 2026’ अभियान का शुभारंभ कर दिया है। केंद्रीय संस्कृति एवं पर्यटन मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने नई दिल्ली में इस राष्ट्रव्यापी अभियान की शुरुआत की घोषणा करते हुए देशवासियों से इसमें बढ़-चढ़कर भाग लेने की अपील की। यह अभियान 9 अगस्त से 17 अगस्त 2026 तक पूरे देश में चलाया जाएगा। नई दिल्ली में आयोजित एक प्रेस वार्ता में केंद्रीय मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने कहा कि ‘हर घर तिरंगा’ अब केवल एक सरकारी कार्यक्रम नहीं रह गया है, बल्कि यह देश के सबसे बड़े जनभागीदारी अभियानों में से एक बन चुका है। इस अभियान के माध्यम से नागरिकों को अपने घरों, प्रतिष्ठानों और सार्वजनिक स्थलों पर राष्ट्रीय ध्वज फहराने के लिए प्रेरित किया जाएगा, ताकि स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर देशभक्ति और राष्ट्रीय एकता की भावना को और अधिक मजबूत किया जा सके।
उन्होंने बताया कि वर्ष 2022 में आजादी का अमृत महोत्सव के तहत शुरू किया गया यह अभियान लगातार लोकप्रिय होता गया और अब यह हर वर्ष मनाई जाने वाली एक राष्ट्रीय परंपरा का रूप ले चुका है। पिछले वर्षों में करोड़ों लोगों ने स्वेच्छा से अपने घरों और कार्यस्थलों पर तिरंगा फहराकर इस अभियान को सफल बनाया। इसी उत्साह को आगे बढ़ाते हुए इस वर्ष भी व्यापक स्तर पर कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। शेखावत ने कहा कि ‘हर घर तिरंगा’ केवल ध्वज फहराने तक सीमित नहीं है। समय के साथ यह एक व्यापक सामाजिक और सांस्कृतिक आंदोलन बन गया है, जिसमें सामुदायिक भागीदारी, सांस्कृतिक प्रस्तुतियां, विरासत संरक्षण से जुड़े कार्यक्रम और डिजिटल माध्यमों के जरिए जनसहभागिता को बढ़ावा दिया जा रहा है। उन्होंने कहा कि इस अभियान ने देश के विभिन्न वर्गों, समुदायों और क्षेत्रों के लोगों को एक सूत्र में पिरोने का कार्य किया है।
केंद्रीय मंत्री के अनुसार, तिरंगा भारत की अस्मिता, गौरव और राष्ट्रीय एकता का सबसे बड़ा प्रतीक है। यह केवल कपड़े का एक टुकड़ा नहीं, बल्कि उन अनगिनत स्वतंत्रता सेनानियों, सैनिकों और देशभक्त नागरिकों के बलिदान की याद दिलाता है जिन्होंने राष्ट्र की स्वतंत्रता और सुरक्षा के लिए अपना सर्वस्व समर्पित कर दिया। तिरंगे के प्रति सम्मान व्यक्त करना उन सभी वीरों के प्रति श्रद्धांजलि अर्पित करने के समान है। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय ध्वज प्रत्येक भारतीय को उसकी जिम्मेदारियों और कर्तव्यों की याद दिलाता है। तिरंगा हमें देश के विकास, सामाजिक समरसता और राष्ट्रीय हितों के लिए मिलकर कार्य करने की प्रेरणा देता है। यही कारण है कि ‘हर घर तिरंगा’ अभियान आज एक सच्चे जन आंदोलन के रूप में स्थापित हो चुका है।
‘वंदे मातरम्’ की 150वीं वर्षगांठ से और खास बना अभियान
गजेंद्र सिंह शेखावत ने बताया कि इस वर्ष का ‘हर घर तिरंगा’ अभियान कई मायनों में विशेष महत्व रखता है। वर्ष 2026 में भारत के राष्ट्रीय गीत ‘वंदे मातरम्’ की 150वीं वर्षगांठ भी मनाई जा रही है। ऐसे में यह अभियान केवल स्वतंत्रता दिवस तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि राष्ट्रभक्ति और सांस्कृतिक विरासत के प्रति सम्मान व्यक्त करने का भी एक महत्वपूर्ण अवसर बनेगा। उन्होंने कहा कि ‘वंदे मातरम्’ ने स्वतंत्रता संग्राम के दौरान करोड़ों भारतीयों में आजादी की चेतना जगाने का कार्य किया था। आज भी यह गीत देशवासियों के मन में राष्ट्रीय गौरव और मातृभूमि के प्रति समर्पण की भावना पैदा करता है। ऐसे में ‘हर घर तिरंगा’ अभियान और ‘वंदे मातरम्’ की 150वीं वर्षगांठ का एक साथ मनाया जाना इस आयोजन को और अधिक ऐतिहासिक और प्रेरणादायक बनाता है।
केंद्रीय मंत्री ने देश के युवाओं, विद्यार्थियों, सामाजिक संगठनों और विभिन्न संस्थानों से इस अभियान में सक्रिय भागीदारी करने का आह्वान किया।
उन्होंने कहा कि डिजिटल प्लेटफॉर्म, सांस्कृतिक कार्यक्रमों, रैलियों, जागरूकता अभियानों और सामुदायिक आयोजनों के माध्यम से अधिक से अधिक लोगों को इस पहल से जोड़ा जाएगा। उन्होंने यह भी कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विकसित भारत 2047 के संकल्प को साकार करने के लिए नागरिकों की सक्रिय भागीदारी आवश्यक है। ‘हर घर तिरंगा’ अभियान देशवासियों को राष्ट्र निर्माण के प्रति अपनी प्रतिबद्धता को दोहराने का अवसर देता है। यह अभियान लोगों को यह संदेश देता है कि राष्ट्रीय एकता, सामाजिक सद्भाव और विकास के लक्ष्य तभी हासिल किए जा सकते हैं जब पूरा देश एकजुट होकर आगे बढ़े।
9 से 17 अगस्त तक चलने वाला यह अभियान देश के हर कोने में तिरंगे की शान को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाने का प्रयास करेगा। सरकार को उम्मीद है कि पिछले वर्षों की तरह इस बार भी करोड़ों नागरिक इसमें भाग लेकर राष्ट्रीय ध्वज के प्रति अपना सम्मान और देश के प्रति अपना समर्पण प्रदर्शित करेंगे। ‘हर घर तिरंगा 2026’ केवल एक कार्यक्रम नहीं, बल्कि राष्ट्र के प्रति गर्व, सम्मान और एकता की भावना को मजबूत करने वाला एक व्यापक जन अभियान बनकर सामने आएगा।

